Metro Plus से Naveen Gupta की रिपोर्ट।
Faridabad, 24 मार्च: होमर्टन ग्रामर स्कूल ने अर्ली इयर्स कॉन्वोकेशन ‘उड़ान 2026’ को बड़े उत्साह और गर्व के साथ मनाया। यह कार्यक्रम एलकेजी और यूकेजी के नन्हे विद्यार्थियों के लिए एक विशेष उपलब्धि का क्षण था क्योंकि इस अवसर पर उन्होंने अपनी शिक्षा यात्रा के पहले औपचारिक पड़ाव का उत्सव मनाया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि जुवेनाइल जस्टिस कोर्ट की वरिष्ठ सदस्य रही डॉ. मुक्ता गुप्ता थी।
कॉन्वोकेशन समारोह की थीम ‘रंगीला भारत’ थी जिसके माध्यम से भारत की समृद्व सांस्कृतिक विविधता को प्रस्तुत किया गया। नन्हे विद्यार्थियों ने देश के विभिन्न राज्यों का प्रतिनिधित्व करते हुए रंगारंग नृत्य, संगीत और पारंपरिक वेशभूषा में शानदार प्रस्तुतियां दीं। इन प्रस्तुतियों ने ‘विविधता में एकता’ की भावना को खूबसूरती से दर्शाते हुए भारत की समृद्व सांस्कृतिक विरासत को उजागर किया।
इस अवसर पर विद्यालय के प्रेसिडेंट राजथीप सिंह, डायरेक्टर-एकेडमिक्स सुश्री सुसान कौर, डायरेक्टर कम्युनिकेशन्स एवं पीआर सुश्री प्रेरणा बी.सिंह, प्रिंसिपल सुश्री आयुषी काजला, स्कूल एडमिनिस्ट्रेटर सुश्री अर्चना डोगरा तथा वाइस प्रिंसिपल सुश्री शिल्पा काले सहित अभिभावक और शिक्षक उपस्थित रहे जिन्होंने नन्हे स्नातक विद्यार्थियों की उपलब्धियों का उत्सव मनाया।
सभा को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि डॉ. मुक्ता गुप्ता ने विद्यार्थियों द्वारा प्रदर्शित आत्मविश्वास और उत्साह की सराहना की तथा छोटे बच्चों के लिए ऐसे सार्थक शिक्षण अनुभव प्रदान करने के लिए विद्यालय की प्रशंसा की।
उन्होंने कहा कि इन छोटे बच्चों को इतने आत्मविश्वास और आनंद के साथ मंच पर प्रस्तुति देते देखना वास्तव में प्रेरणादायक है। ऐसे प्रयास बच्चों को हमारे देश की विविधता को समझने में मदद करते हैं और कम उम्र से ही उनमें रचनात्मकता, आत्मविश्वास और सांस्कृतिक जागरूकता का विकास करते हैं।
वहीं विद्यालय के प्रेसिडेंट राजथीप सिंह ने इस कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए विद्यार्थियों, शिक्षकों और अभिभावकों के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने बच्चों के समग्र विकास के लिए सहयोग और स्वतंत्रता के संतुलन के महत्व पर बल दिया। उन्होंने कहा कि जहां शैक्षणिक शिक्षा महत्वपूर्ण है वहीं यह भी आवश्यक है कि हम अपने बच्चों को प्रारंभिक अवस्था से ही जीवन कौशल सिखाएं। अभिभावकों के रूप में हमें ‘डॉल्फिन पेरेंट्स’ बनने का प्रयास करना चाहिए जो बच्चों का मार्गदर्शन और समर्थन करते हैं न कि ‘हेलीकॉप्टर पेरेंट्स’ जो हर कदम पर अत्यधिक नियंत्रण रखते हैं। बच्चे तब बेहतर विकसित होते हैं जब उन पर विश्वास किया जाता है, उन्हें प्रोत्साहित किया जाता है और उन्हें स्वयं सीखने-समझने का अवसर दिया जाता है।
कॉन्वोकेशन समारोह का समापन स्नातक विद्यार्थियों के सम्मान एवं प्रमाण-पत्र वितरण के साथ हुआ जो अभिभावकों और शिक्षकों के लिए गर्व और भावनाओं से भरा क्षण था। यह कार्यक्रम सीखने, विकास और होमर्टन ग्रामर स्कूल के नन्हे विद्यार्थियों के लिए एक नई शैक्षणिक यात्रा की शुरूआत का सुंदर उत्सव बन गया।







