Metro Plus से Naveen Gupta की रिपोर्ट।
Chandigarh, 27 मई: हर IAS अधिकारी का सपना होता है कि वो अपनी नौकरी के दौरान कम से कम एक बार DC यानि जिला उपायुक्त जरूर बनें। हरियाणा में कई IAS अधिकारी ऐसे हैं जोकि एक बार ही DC बन पाएं हैं और कई IAS अधिकारी ऐसे हैं जो कई-कई बार DC बन गए। खासतौर पर प्रमोटी IAS अधिकारी का तो सपना DC बनने का होता ही है।
बता दें कि गत् मंगलवार, 26 मई की रात हरियाणा सरकार द्वारा किए गये प्रशासनिक फेरबदल में प्रदेश में दो जिलों में डिप्टी कमिश्नर (उपायुक्त) के तौर पर महिला IAS अधिकारियों को तैनात किया गया है। जहां 2013 बैच की IAS मंदीप कौर को चरखी दादरी जिले का तो वहीं 2017 बैच की डॉ. वैशाली शर्मा को जींद जिले का DC तैनात किया गया है। अभी गत् सप्ताह 18 मई को ही 2018 बैच की महिला IAS अधिकारी वर्षा खंगवाल को झज्जर जिले का DC तैनात किया गया था। ऐसे करके हरियाणा की मौजूदा नायब सैनी सरकार मोदी के महिला आरक्षण के सपने को भी पूरा करने का काम कर रही है।
उपरोक्त तीन महिला IAS अधिकारियों के अलावा मौजूदा तौर पर यमुनानगर जिले में 2015 बैच की महिला IAS प्रीति, सोनीपत जिले में 2015 बैच की महिला IAS नेहा सिंह, कैथल जिले में 2018 बैच की अपराजिता और महेंद्रगढ़ (नारनौल) जिले में 2018 बैच की अनुपमा अंजलि बतौर DC तैनात हैं। इस प्रकार अब आज के तारीख में प्रदेश के कुल 23 जिलों के एक-तिहाई जिलों अर्थात सात में महिला IAS अधिकारी बतौर DC तैनात हैं। इन सात में से दो मंदीप कौर और वर्षा खंगवाल हरियाणा सिविल सेवा (HCS) से प्रोमोट होकर IAS बनी थीं।
इसी बीच हरियाणा के शासकीय और प्रशासनिक तंत्र पर पैनी निगाह रखने वाले पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में एडवोकेट हेमंत कुमार ने बताया कि जब भी कोई व्यक्ति IAS अधिकारी बनता है, बेशक वह UPSC (संघ लोक सेवा आयोग) द्वारा प्रतिवर्ष आयोजित आल इंडिया सिविल सेवा परीक्षा उत्तीर्ण कर अर्थात सीधी भर्ती में चयनित होकर IAS बना हो अथवा प्रदेश सिविल सेवा (HCS) से प्रमोट होकर या गैर-राज्य सिविल सेवा (Non-HCS) कोटे से चयनित होकर IAS बना हो, उसकी सबसे पहले यही चाह होती है कि वह जल्द ही अपने प्रदेश के किसी जिले का DC तैनात हो।
बहरहाल, हेमंत ने हरियाणा के सभी जिलों में मौजूदा तैनात DC के आधिकारिक रिकॉर्ड का अध्ययन करने के बाद बताया कि वर्तमान में प्रदेश के कुल 23 जिलों में से 4 में DC के पद पर HCS से पदोन्नत होकर जबकि 3 में Non-HCS कोटे से चयनित होकर IAS बने अधिकारी तैनात हैं। वहीं प्रदेश के 16 जिलों में UPSC की सीधी भर्ती में चयनित होकर IAS नियुक्त हुए एवं जिन्हें हरियाणा कैडर आवंटित हुआ, वह बतौर जिलों में DC तैनात हैं। हालांकि कुछ वर्ष पूर्व प्रदेश में HCS से प्रमोट होकर आIAS बने अधिकारियों का जिले के DC के पदों पर बोलबाला हुआ करता था, जो स्थिति गत् कुछ समय में विपरीत हो गयी है।
वर्तमान में प्रदेश के 4 जिलों-चरखी दादरी, हिसार, झज्जर और पंचकूला के DC पद पर HCS से पदोन्नत होकर IAS बने अधिकारी बतौर DC तैनात हैं। इन सभी को IAS में पदोन्नति के साथ ही हरियाणा कैडर अलॉट किया गया था। चरखी दादरी में 2013 बैच की मंदीप कौर, हिसार में 2017 बैच के महेंद्रपाल, पंचकूला में 2017 बैच के सतपाल शर्मा और झज्जर में 2018 बैच की वर्षा खंगवाल बतौर DC तैनात हैं।
वहीं प्रदेश के तीन जिलों फतेहाबाद, पानीपत और पलवल में गैर-राज्य सिविल सेवा कोटे से चयनित होकर IAS बने अधिकारी उपायुक्त के पद पर तैनात हैं। फतेहाबाद जिले में 2016 बैच के डॉ. विवेक भारती, पानीपत जिले में 2016 बैच के डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ एवं पलवल जिले में 2016 बैच के डॉ.जेनेन्द्र कुमार छिल्लर बतौर DC तैनात हैं। यह सभी अक्टूबर, 2022 में Non-HCS कोटे से आIAS बने थे, जबकि बाद में इन सभी को 2016 के बैच वर्ष आवंटित हो गए थे।
हेमंत ने यह भी बताया कि हालांकि देश के कई राज्यों में IAS में सामान्यत: 9 वर्ष से 16 वर्ष की सेवा वाले IASअधिकारी को अर्थात जूनियर एडमिनिस्ट्रेटिव ग्रेड के IAS अधिकारियों को जिले का DC तैनात किया जाता है। हालांकि हरियाणा में हालिया वर्षो में 9 वर्षो से कम सेवा वाले IAS अधिकारियों को भी जिले का DC तैनात किया जाता रहा है। वर्तमान में 2018 बैच के छ: IAS जबकि 2019 बैच के एक IAS हरियाणा के अलग-अलग जिलों में बतौर जिला उपायुक्त DC तैनात हैं।





