Metro Plus से Naveen Gupta की रिपोर्ट।
Faridabad, 28 अप्रैल: जिले में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए प्रशासन ने सख्त रूख अपनाया है। डीसी आयुष सिन्हा की अध्यक्षता में लघु सचिवालय परिसर स्थित सभागार में रोड सेफ्टी की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में सड़क दुर्घटनाओं के कारणों की पहचान, डेथ ऑडिट, रोड सेफ्टी ऑडिट तथा दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में सुधारात्मक कदम उठाने पर विस्तृत चर्चा भी की गई।
बैठक में स्पष्ट किया गया कि अब नेशनल हाईवे और मुंबई एक्सप्रेसवे पर रॉन्ग साइड ड्राइविंग करने वालों के खिलाफ सिर्फ चालान ही नहीं, बल्कि उनके वाहनों को इम्पाउंड भी किया जाएगा।
नेशनल हाईवे पर पैदल यात्रियों द्वारा अवैध रूप से सड़क पार करने वाले पैदल यात्रियों को रोकने के लिए एलसन चौक, जेसीबी और अनाज मंडी जैसे अति-संवेदनशील पॉइंट्स पर 20 दिनों के भीतर विशेष फाइबर/मेटालिक शीट और ग्रिल्स लगाई जाएंगी।
DC आयुष सिन्हा ने मॉडल रोड़ की पर चर्चा करते हुए एफएमडीए को निर्देश दिए गए कि वे सड़कों के लिए एक मानक चेकलिस्ट तैयार करें, जिसमें प्रॉपर कैरिज-वे, मानक रोड मार्किंग, ट्रैफिक फर्नीचर, ड्रेनेज कवर और फुटपाथ जैसे बिंदु शामिल हों। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मुंबई एक्सप्रेसवे और नेशनल हाईवे पर गलत दिशा में वाहन चलाने वालों के खिलाफ केवल चालान ही नहीं, बल्कि वाहनों को इम्पाउंड करें।
DC आयुष सिन्हा ने सड़क स्वामित्व वाली विभिन्न एजेंसियों को स्पष्ट कहा कि वे अपने अधीन आने वाली सड़कों का श्रोड सेफ्टी ऑडिट पूर्ण करें। एनएचएआई ने बताया कि उन्होंने अपने ऑडिट के सुझावों पर 95 प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित किया है, जिसमें साइन बोर्ड, ब्लिंकर और मार्किंग शामिल हैं। वहीं, एचएसवीपी और एमसीएफ को उनके पेंडिंग टेंडर और ऑडिट प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं। डीसी ने निर्देश दिया कि सभी एजेंसियां एक सप्ताह के भीतर विस्तृत रिपोर्ट सौंपें कि ऑडिट में मिले सुझावों पर क्या सुधारात्मक कदम उठाए गए हैं।
DC आयुष सिन्हा ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि सड़कों पर दुर्घटना संभावित क्षेत्र के स्पष्ट साइन बोर्ड लगाए जाएं, ताकि आम नागरिकों को सतर्क किया जा सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि दुर्घटनाग्रस्त सड़कों की पहचान कर वहां गड्ढों, टूटी ग्रिल, खराब साइन बोर्ड और प्रकाश व्यवस्था जैसी कमियों को प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाए।
इस दौरान आरटीए सचिव मुनीश सहगल ने रोड सेफ्टी के बारे में समीक्षा रिपोर्ट प्रस्तुत की। उन्होंने एसडीएम को बताया कि दुर्घटना पर अंकुश लगाने के लिए रॉंग साइड गाड़ी चलाने वालों के चालान कर जुर्माना लगाया जा रहा है।
बैठक में एडीसी अजंलि श्रोत्रिया सहित सभी संबंधित विभाग के अधिकारीगण और रोड सेफ्टी से जुड़ें अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।





