पार्षदों के साथ परिचय बैठक में निगम आयुक्त ने वार्डों के विकास कार्यों की समीक्षा की
Metro Plus से Naveen Gupta की रिपोर्ट
Faridabad, 10 सितंबर: नगर निगम आयुक्त यशेंद्र सिंह ने एनआईटी क्षेत्र के पार्षदों के साथ परिचय बैठक कर उनके वार्डों से संबंधित समस्याओं और विकास कार्यों की प्रगति पर विस्तार से समीक्षा की। बैठक में वार्ड नंबर 1,2,5,6,7,8,9,10 और 11 के पार्षदों ने हिस्सा लिया।
बैठक के दौरान पार्षदों ने अपने-अपने वार्डों में बाजारों सहित अन्य रास्तों पर अतिक्रमण हटवाने, पेयजल सप्लाई का सही से बंटवारा, सीवर, सड़क, सफाई, स्ट्रीट लाइट सहित विभिन्न नागरिक सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं तथा वार्डों में चल रहे विकास कार्यों से संबंधित विषय निगम आयुक्त के समक्ष रखे।
पार्षदों ने आगामी दीपावली से पहले स्ट्रीट लाइट लगवाने की मांग रखी। इस पर निगम आयुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जल्द से जल्द स्ट्रीट लाइट लगवाई जाएं। उन्होंने पार्षदों को आश्वासन दिया कि शहर की सड़कों को पर्याप्त स्ट्रीट लाइटों से रोशन करने के लिए निगम स्तर पर प्रयास किए जाएंगे।
बैठक में सभी पार्षदों ने प्रतापगढ़ डंपिंग स्टेशन को लेकर भी अपने सुझाव दिए। निगम आयुक्त ने इस विषय पर भी आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया।
यशेंद्र सिंह ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पार्षदों द्वारा उठाई गई समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए और संबंधित अधिकारी मौके पर जाकर समस्याओं का निरीक्षण करते हुए उनका समाधान करवाएं।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि नगर निगम द्वारा करवाए जा रहे विकास कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए तथा जिन कार्यों की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, उन्हें निर्धारित समय सीमा में पूरा करवाया जाए।
निगम आयुक्त ने कहा कि जनप्रतिनिधियों और निगम अधिकारियों के बीच बेहतर समन्वय से वार्डों की समस्याओं का प्रभावी एवं त्वरित समाधान किया जा सकता है। उन्होंने अधिकारियों को पार्षदों के साथ समन्वय बनाकर कार्य करने के निर्देश दिए।
बैठक में एडिशनल म्युनिसिपल कमिश्नर वीरेंद्र सिंह, जॉइंट कमिश्नर अनिल यादव और पार्षदों में मुकेश डागर, भगवान सिंह, राजेश डागर, गायत्री देवी, संगीता नीरज भाटिया, शीतल जयवीर खटाना, बबीता संदीप भड़ाना, राकेश देवी सुरेंद्र लोहिया, सविता सन्नी भड़ाना सहित निगम के अन्य अधिकारी मौजूद रहे।







